Black Fungus Treatment: लखनऊ: मात्र 30 रुपए के टैबलेट से ठीक होगा ब्लैक फंगस…KGMU के रिसर्च में हुआ खुलासा

Black Fungus Treatment: लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) के डॉक्टरों को बड़ी सफलता मिली है. केजीएमयू के डॉक्टरों ने मात्र सिर्फ 30 रुपए के टैबलेट से म्यूकरमाइकोसिस (ब्लैक फंगस) के संक्रमण का इलाज ढूंढ लिया है.
इट्राकोनोजोल से होगा ब्लैक फंगस का इलाज
दरअसल, केजीएमयू के डॉक्टरों ने आम फंगल में इस्तेमाल की जाने वाली 30 रुपये की गोली इट्राकोनोजोल से ब्लैक फंगस इंफेक्शन ठीक करने में सफलता हासिल की है. यदि ब्लैक फंगस से ग्रसित मरीज करीब छह महीने लगातार इट्राकोनोजोल की दो-दो गोली का सेवन करता है तो उसे ब्लैक फंगस से निजात मिल सकता है.
रिसर्च में हुआ खुलासा
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक़, केजीएमयू के संक्रामक रोग प्रभारी डॉ. डी हिमांशु फंगस इंफेक्शन के मरीज पर रिसर्च कर रहे थे. मरीज को इट्राकोनोजोल की दो – दो गोली 6 महीने रोज खाने के लिए दे रहे थे. जब उनका दोबारा जांच किया गया तो पता चला न केवल वो ठीक हुए बल्कि उनका इंफेक्शन ख़त्म हो गया. ये दवा 85% असरदार रही.
बता दें, ब्लैक फंगस कोई नई बिमारी नहीं है. इसके लिए पहले से कई दवा उपलब्ध है. हालांकि वे महंगे हैं. इस बीमारी के लिए एंफोटेरिसिन-बी इंजेक्शन उपयोग किया जाता है. जिसकी कीमत 1,900 रुपये है. इसके अलावा पोसाकोनाजोल और इसावुकोनाजोल भी हैं. पोसाकोनाजोल के एक टैबलेट की कीमत 450 रुपये और इसावुकोनाजोल की एक टैबलेट के लिए करीब 5,800 रुपये में आती हैं.
क्या है ब्लैक फ़ंगस
म्यूकोर्मिकोसिस या ब्लैक फंगस एक दुर्लभ संक्रमण है. यह म्यूकोर मोल्ड के संपर्क में आने के कारण होता है जो आमतौर पर मिट्टी, पौधों, खाद और सड़ते फलों और सब्जियों में पाया जाता है. जिन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है उन्हें ब्लैक फंगस का अधिक खतरा रहता है. ब्लैक फंगस का सही समय पर इलाज ना किया जाने जान भी जा सकती है.
ब्लैक फ़ंगस के लक्षण
धुंधला या दोहरा दिखाई देना
चेहरे पर एक तरफ दर्द होना या सूजन
दांत या जबड़े में दर्द
दांत हिलना या टूटना
सीने में दर्द
सांस में परेशानी
नाक जाम होना
नाक से काला या लाल स्राव होना
गाल की हड्डी में दर्द होना






