भारी हंगामे के बीच युवा विधानसभा में पेश हुआ 10% सवर्ण आरक्षण विधेयक

भारी हंगामे के बीच युवा विधानसभा में पेश हुआ 10% सवर्ण आरक्षण विधेयक

देहरादून–भारी हंगामे के बीच युवा विधानसभा में पेश हुआ 10% सवर्ण आरक्षण विधेयक।
युवा आह्वान के तत्वाधान में किसान भवन रिंग रोड पर चल रही चार दिवसीय उत्तराखंड युवा विधानसभा का आज द्वितीय दिवस छिटपुट हंगामे के बीच संपन्न हुआ। आज प्रातः सदन में कश्मीर में शहीद हुए हमारे चार सैनिकों को श्रद्धांजलि दी गई।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में कर्नल अजय कोठियाल उपस्थित रहे। उन्होंने सदन की कार्रवाई को देखा और युवा विधायकों की सोच पर प्रसन्नता व्यक्त की, उन्होंने युवाओं में चरित्र निर्माण की बात कही और अच्छे युवाओं को राजनीति में आने की बात भी कही।

युवा विधानसभा में आज 10% आरक्षण विधेयक छाया रहा। बिल पेश करते कृषि मंत्री आशीष गौड़ ने कहा कि इससे आर्थिक पिछड़ेपन को दूर करने तथा उन्हें सेवाओं एवं शिक्षण संस्थानों में अवसर मिल सकेगा। इस सोच और उद्देश्य के साथ इस विधेयक को लाया गया है। परंतु नेता प्रतिपक्ष बद्री विशाल की ओर से कठोर प्रतिवाद किया गया, उन्होंने कहा कि सेवा के साधन सृजित नहीं किए गए, आरक्षण को धरातल पर उतारने के लिए रोजगार आवश्यक है। विपक्ष की नेता सुरभि ममगाई ने कहा कि हम आर्थिक आधार पर पिछड़ेपन के इस विधेयक का स्वागत किया, परंतु कई प्रश्न भी उठाए उन्होंने कहा आरक्षण कहां दोगे क्योंकि कोई ऐसा कार्य नहीं किए जा रहे हैं जिससे उन्हें इस आरक्षण का लाभ मिल सके। विपक्ष के नेता ऋषभ ने रोजगार के लिए औद्योगिक विकास, प्राकृतिक संसाधनों खनिजों वनस्पतियों पर आधारित उद्योग खड़े कर रोजगार सृजन की मांग सरकार के सम्मुख रखी। विपक्षी नेता अखिलेश चौहान ने हवाबाजी की दिखावटी आरक्षण से जन सामान्य को चलने की गतिविधियों रोक लगाने की सत्ता पक्ष को नसीहत दी।

वहीं भोजन अवकाश के पश्चात विधानसभा में *पहाड़ों से पलायन* जैसे ज्वलंत विषय पर प्रतिपक्ष की ओर से प्रस्ताव रखा गया। नेता विपक्ष बद्रीविशाल ने
राजनीतिक और सामरिक स्थितियों की ओर सदन का ध्यान आकर्षित किया और रोष व्यक्त करते हुए कहा कि भूमि अव्यवस्थित होने के कारण और अनुउत्पादकता के कारण पोषण की कमी, औद्योगिक शून्यता के कारण बेरोजगारी स्वास्थ्य चिकित्सा की विषमता से उत्पन्न निकटता शिक्षा के समानता तथा आवागमन के लिए अभी तक भी सुविधाओं के कारण लोग तराई और मैदानी क्षेत्रों की ओर पलायन कर रहे हैं जिसके कारण पर्वती क्षेत्रों में निराशा का भाव उत्पन्न हो रहा है वहीं सत्ता पक्ष की ओर से राहुल उनियाल ने इस विचार पर लगातार अपनी असहमति व्यक्त की, उन्होंने औलि विंटर गेम्स को फरवरी 27 तारीख से प्रारंभ करने की सूचना दी। सत्ता पक्ष के मंत्री लव पूरी ने कहा कि प्रतिपक्ष केवल आरोप लगाने का प्रयास कर रहा है उन्हें हर बात आरोप नहीं बल्कि सुझाव के रूप में प्रस्तुत करनी चाहिए। युवा मंत्री मानवेंद्र राणा ने विपक्षी विधायक श्री महेश रावत को सभी समस्याओं का समाधान देने का गंभीरता पूर्वक आश्वासन दिया।
इस अवसर पर श्री दिनेश रावत (पूर्व निदेशक, रेशम विभाग), ललित जोशी, लक्ष्मी प्रसाद थपलियाल,चतुर सिंह नेगी (पूर्व उप महाप्रबंधक), भगवती मैंदोली, देवकांत देवराडी, प्रकाश गौड़, रोहित ध्यानी, अंकित बिष्ट आदि उपस्थित रहे।

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